Haritima : The Environmental Society Of Hansraj College

Month: October 2023

बढ़ती जनसख्ं या का पर्या वरण पर प्रभाव: क्या बढ़ती जनसख्ं या वरदान अथवा शाप?

परि चयअवसरों और चनु ौति यों दोनों को प्रस्ततु करतेहुए, दनिुनिया की आबादी सदि यों सेलगातार बढ़ रही है। जहांएकबढ़ती हुई आबादी प्रगति और वि कास का सकं ेत देसकती है, यह अपनेसाथ कई पर्या वरणीय मद्ुदों को भीलाती हैजो हमारा ध्यान आकर्षि तर्षि करतेहैं। बढ़ती जनसख्ं या के कारणवश जनता एवंपर्या वरण को तोसकारात्मक …

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भारत का पर्यावरणीय चिंतन : कल और आज   

‘परितः आवरणम्’ अर्थात् हमारे चारों ओर विद्यमान वह घेरा या वातावरण जिसका हम प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से अनिवार्यत: उपभोग करते है, उसे पर्यावरण कहते हैं। भारतीय ज्ञान परंपरा और वांगमय में पर्यावरणीय चिंतन का निर्विवाद रूप से एक विशिष्ट स्थान रहा है। यह चिंतन किसी काल विशेष तक सीमित नहीं रहा अपितु परंपरागत ढंग …

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